ऐसा करके वे माता से शांति की प्रार्थना कर सकते हैं. फूल, कपूर, अगरबत्ती, ज्योत के साथ पंचोपचार पूजा करें। इस तरह नवरात्रि के पूरे दिनों में मां की आराधना करें। यह समय साधक को आध्यात्मिक शक्ति और आत्मविश्वास प्रदान करता है। काली : ऊँ क्रीं क्रीं क्रीं ह्रीं ह्रीं https://real-estate-agent32097.mdkblog.com/45548257/not-known-details-about-raat-11-45-se-2-30